
चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले में ‘मेरा विद्यालय निपुण, मैं भी निपुण’ कार्यक्रम के तहत दो दिवसीय गैर-आवासीय प्रशिक्षण कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में संपन्न हुआ। प्रशिक्षण के दौरान कक्षा एक से पांच तक के बच्चों के आकलन की प्रक्रिया, मोबाइल एप के माध्यम से मूल्यांकन और आवश्यक मूल्यांकन उपकरणों की जानकारी दी गई।

जिले के सभी विद्यालयों में कक्षा एक से पांच तक के बच्चों का आकलन किया जाएगा। प्रत्येक कक्षा से यादृच्छिक तरीके से पांच बच्चों का चयन कर उनका मूल्यांकन होगा। बच्चों और विद्यालय का मूल्यांकन ऑनलाइन सीटीओ मोबाइल एप के माध्यम से किया जाएगा। विद्यालय को प्राप्त अंकों के आधार पर मूल्यांकन किया जाएगा। प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराने के साथ एप संचालन की जानकारी भी दी गई।
आकलन प्रक्रिया छह चरणों में पूरी होगी। पहला चरण 24 से 31 अगस्त, दूसरा 7 से 12 सितंबर, तीसरा 28 सितंबर से 5 अक्टूबर, चौथा 26 से 31 अक्टूबर, पांचवां 25 नवंबर से 1 दिसंबर और छठा चरण 14 से 19 दिसंबर 2026 तक चलेगा।
प्रशिक्षण के पहले चरण में बंदगांव, चक्रधरपुर, हाटगम्हरिया, जगन्नाथपुर, झींकपानी, कुमारडुंगी, मझगांव और तांतनगर प्रखंड के आकलनकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया। शेष प्रखंडों के आकलनकर्ताओं के लिए दूसरे चरण का प्रशिक्षण 19 और 20 अगस्त 2026 को आयोजित किया जा रहा है।
प्रशिक्षण में सहायक शिक्षक प्रेमजीत सिंह, नेलसन नगेसिया, विनीता कुमारी गोप, एलिस कुजूर और जिले के एफएलएन पर्यवेक्षक नुकुल कुमार सिंह ने प्रशिक्षक के रूप में महत्वपूर्ण जानकारी दी।
कार्यक्रम का उद्देश्य प्रारंभिक कक्षाओं के बच्चों की बुनियादी भाषा एवं गणितीय दक्षताओं का आकलन कर विद्यालयों में सीखने के स्तर को बेहतर बनाना है।




