*चक्रधरपुर में दुर्गा पूजा को लेकर प्रशासन सख्त, सभी पंडालों में सीसीटीवी लगाना अनिवार्य*
*विधायक सुखराम उरांव, उपायुक्त मनीष कुमार और एसपी अमित रेनू ने पूजा समितियों के साथ की बैठक, विसर्जन मार्ग बदलने पर रोक*

चाईबासा: दुर्गा पूजा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए बुधवार को चक्रधरपुर नगर परिषद कार्यालय में जिला प्रशासन और दुर्गा पूजा समितियों की संयुक्त बैठक हुई। विधायक सुखराम उरांव के नेतृत्व में आयोजित बैठक में सुरक्षा, यातायात, भीड़ नियंत्रण और विसर्जन व्यवस्था पर चर्चा की गई।
विधायक सुखराम उरांव ने कहा कि दुर्गा पूजा आस्था और सामाजिक सौहार्द का पर्व है। सभी पूजा समितियां प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर काम करें, ताकि श्रद्धालुओं को परेशानी न हो। उन्होंने अफवाहों से बचने और विवाद की स्थिति में आपसी बातचीत से समाधान निकालने की अपील की।
उपायुक्त मनीष कुमार ने पूजा समितियों को प्रशासन के निर्देशों का पालन करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल देने को कहा। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपुष्ट खबरें प्रसारित नहीं करने तथा भीड़भाड़ वाले स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया।
पुलिस अधीक्षक अमित रेनू ने स्पष्ट किया कि सभी पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य होगा। पूजा समितियां स्वयंसेवकों की तैनाती कर भीड़ नियंत्रण में सहयोग करेंगी। उन्होंने कहा कि प्रतिमा विसर्जन के लिए निर्धारित मार्ग में किसी प्रकार का बदलाव नहीं किया जाएगा।
पोड़ाहाट-चक्रधरपुर की अनुमंडल पदाधिकारी श्रुति राजलक्ष्मी ने रेलवे क्षेत्र के पूजा पंडालों की समस्याओं पर चर्चा करते हुए बताया कि इनके समाधान के लिए रेलवे प्रशासन से समन्वय किया जाएगा। रेलवे क्षेत्र में 23 लाइसेंसी और तीन गैर-लाइसेंसी पूजा पंडाल हैं।
बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी डॉ. सैयद मुस्तफा हाशमी, नगर परिषद अध्यक्ष सन्नी उरांव, उपाध्यक्ष विजय कुमार साव, प्रखंड विकास पदाधिकारी कंचन मुखर्जी, अंचल अधिकारी सुरेश सिन्हा, कार्यपालक पदाधिकारी विजय हांसदा और केंद्रीय समिति के मुख्य संरक्षक अशोक षाडंगी उपस्थित थे। विभिन्न पूजा समितियों के अध्यक्ष, सचिव और प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
प्रशासन ने सभी समितियों से सुरक्षा, अनुशासन और आपसी सौहार्द बनाए रखते हुए पूजा संपन्न कराने की अपील की।




