15 किमी जर्जर सड़क से 90 गांवों के ग्रामीण परेशान, नरसिंहबहाल पहुंचीं दुखनी सोरेन; ग्रामीणों ने सुनाई समस्याएं

डुमरिया:बायला: पोटका विधानसभा क्षेत्र के डुमरिया प्रखंड में सेरालडीह मुख्य सड़क से नरसिंहबहाल, सातबाकरा और बुरूनिया होते हुए ओडिशा सीमा तक जाने वाली करीब 15 किलोमीटर लंबी सड़क लंबे समय से बदहाल है। जगह-जगह बड़े गड्ढे, उखड़ी सड़क और जलजमाव के कारण ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, इस मार्ग से करीब 90 गांवों के लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं।

बारिश के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। सड़क के गड्ढों में पानी भर जाने से वाहन चालकों को सड़क की वास्तविक स्थिति का पता नहीं चल पाता, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। विद्यार्थियों, मरीजों, किसानों, मजदूरों और रोजाना आने-जाने वाले लोगों को सबसे अधिक परेशानी हो रही है।
नरसिंहबहाल पहुंचीं दुखनी सोरेन
इसी बीच पोटका विधानसभा क्षेत्र की समाजसेवी एवं युवा नेत्री दुखनी सोरेन नरसिंहबहाल पहुंचीं और ग्रामीणों से मुलाकात कर क्षेत्र की समस्याओं की जानकारी ली। ग्रामीणों ने सड़क की बदहाली को सबसे प्रमुख समस्या बताते हुए कहा कि सड़क खराब होने के कारण मरीजों को अस्पताल ले जाने, बच्चों को स्कूल पहुंचाने और किसानों को अपनी उपज बाजार तक पहुंचाने में काफी दिक्कत होती है।
ग्रामीणों ने सेरालडीह से ओडिशा सीमा तक सड़क का जल्द से जल्द गुणवत्तापूर्ण निर्माण अथवा आवश्यक मरम्मत कराने की मांग की, ताकि करीब 90 गांवों के लोगों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।
स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल और रोजगार की समस्याएं भी उठीं
ग्रामीणों ने सड़क के साथ-साथ स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, रोजगार और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं भी दुखनी सोरेन के सामने रखीं। ग्रामीणों का कहना था कि सड़क की खराब स्थिति का असर क्षेत्र की अन्य सुविधाओं पर भी पड़ रहा है। आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में देरी होती है, जबकि विद्यार्थियों और कामगारों को रोजाना आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
दुखनी सोरेन ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और मूलभूत सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर आवश्यक पहल करने की बात कही। उन्होंने क्षेत्र की समस्याओं को समझने के लिए ग्रामीणों से विस्तार से चर्चा की।
वीरसिंह देवगम ने भी की मुलाकात
डुमरिया दौरे के दौरान जनता दल (यूनाइटेड) के पूर्वी सिंहभूम जिला महासचिव वीरसिंह देवगम ने भी दुखनी सोरेन से औपचारिक मुलाकात की। इस दौरान डुमरिया क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं को लेकर विस्तार से चर्चा और विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में पेयजल, सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और ग्रामीण क्षेत्रों की अन्य मूलभूत समस्याओं पर चर्चा हुई। समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित स्तर पर मुद्दों को उठाने और आवश्यक पहल करने को लेकर भी विचार-विमर्श किया गया।
ग्रामीणों का कहना है कि सेरालडीह से ओडिशा सीमा तक जाने वाली यह सड़क उनके लिए सिर्फ आवागमन का मार्ग नहीं, बल्कि स्कूल, अस्पताल, बाजार और रोजगार से जुड़ने वाली जीवनरेखा है। ऐसे में सड़क के शीघ्र निर्माण या मरम्मत की मांग लगातार जोर पकड़ रही है।




