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मझगांव प्रकरण: प्रशासन और आदिवासी संगठनों के संवाद के बाद 27 जुलाई की पश्चिमी सिंहभूम जिला बंदी रद्द

चाईबासा: मझगांव प्रकरण को लेकर रविवार को चाईबासा के पिल्लई हॉल में जिला प्रशासन और विभिन्न आदिवासी संगठनों के बीच संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। बैठक का उद्देश्य आपसी संवाद, समन्वय और शांति स्थापित करना था। विस्तृत चर्चा के बाद 27 जुलाई 2026 को प्रस्तावित पश्चिमी सिंहभूम जिला बंदी को रद्द करने का निर्णय लिया गया।

मानकी मुंडा संघ के केंद्रीय अध्यक्ष गणेश पाट पिंगुवा ने सभी संगठनों की सहमति के बाद जिला बंदी रद्द करने की घोषणा की। बैठक में मानकी मुंडा संघ, हो समाज युवा महासभा, कोल्हान क्षेत्र के मानकी-मुंडा, डाकुवा, विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, विद्यार्थी, सेवानिवृत्त कर्मी, आदिवासी समुदाय के प्रबुद्धजन तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।

जगन्नाथपुर के एसडीपीओ राफेल मुर्मू ने कहा कि मझगांव मारपीट मामले में आरोपियों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई जारी है और जल्द गिरफ्तारी होगी। उन्होंने सभी से शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग की अपील की।

सदर एसडीपीओ बहामन टूटी ने बताया कि 15 जुलाई को मझगांव थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं और जल्द कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि दूसरे पक्ष की ओर से मिले आवेदन की भी जांच हो रही है। साथ ही उन्होंने स्वीकार किया कि मझगांव थाना प्रभारी से चूक हुई थी, जिसके बाद उन्हें हटा दिया गया है।

सदर एसडीओ सह कोल्हान अधीक्षक संजय कुमार ने कहा कि अगले दो-तीन दिनों में आरोपियों की गिरफ्तारी की दिशा में कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि जिले के लगभग 1400 मानकी और मुंडा पारंपरिक व्यवस्था के तहत सामाजिक शांति बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

घटना के पीड़ित प्रदीप हेंब्रम ने प्रशासन पर अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाने का आरोप लगाया। वहीं, मानकी मुंडा संघ के उपाध्यक्ष कालीचरण बिरुवा ने सभी आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। इपिल सामड ने मझगांव क्षेत्र में मारपीट और मवेशी चोरी के मामलों में थाना स्तर पर कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया।

बैठक में प्रकाश पूर्ति, प्रदीप बिरुवा सहित कई प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने भी अपनी बातें प्रशासन के समक्ष रखीं। अंत में सभी पक्षों ने शांति, सामाजिक सौहार्द और आपसी विश्वास बनाए रखने पर सहमति जताई।

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