
- सीएमडी से वार्ता की तैयारी, भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता के फैसले का स्वागत
- ग्राम प्रधानों के सत्यापन को अनिवार्य बनाने के फैसले की सराहना
जादूगोड़ा : पूर्व जिला परिषद सदस्य एवं झामुमो नेता बाघराय मार्डी की अध्यक्षता में गुरुवार को यूसिल के तुरामडीह यूरेनियम प्रोजेक्ट से सटे पांच ग्राम प्रधानों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विस्थापितों और प्रभावित परिवारों से जुड़े लंबित मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई। ग्राम प्रधानों ने मृतक विस्थापितों के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नियोजन, कार्यस्थल पर सुरक्षा व्यवस्था, फ्रेश सर्टिफिकेट प्राप्त विस्थापितों को शीघ्र रोजगार तथा सेवानिवृत्त कर्मचारियों के परिवारों को पीढ़ी-दर-पीढ़ी रोजगार देने की मांग उठाई। इसके अलावा ठेका मजदूरों की समस्याओं और उनके अधिकारों को लेकर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
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विस्थापितों और ठेका मजदूरों की समस्याओं पर हुई विस्तृत चर्चा
बैठक में निर्णय लिया गया कि सभी महत्वपूर्ण मांगों को लेकर जल्द ही यूसील के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक डॉ. कंचम आनंद राव से वार्ता कर समस्याओं के समाधान की मांग की जाएगी। यदि मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं हुई तो प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलकर पूरे मामले की जानकारी देगा और उनके मार्गदर्शन में आगे की रणनीति तय की जाएगी। इस अवसर पर बाघराय मार्डी ने ठेका मजदूरों की बहाली प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने तथा नियुक्ति से पहले संबंधित ग्राम प्रधानों के सत्यापन को अनिवार्य किए जाने के लिए यूसील प्रबंधन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह निर्णय स्थानीय लोगों के हितों की रक्षा और निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।




