मासिक लोक अदालत में 361 मामलों का निपटारा, 12.57 लाख रुपये का हुआ समायोजन

चाईबासा: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, रांची के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए), चाईबासा के तत्वावधान में शनिवार को चाईबासा व्यवहार न्यायालय और चक्रधरपुर अनुमंडल न्यायालय में मासिक लोक अदालत का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह डीएलएसए अध्यक्ष मौहम्मद शाकिर के मार्गदर्शन में किया गया।

लोक अदालत के लिए चाईबासा व्यवहार न्यायालय में आठ तथा चक्रधरपुर अनुमंडल न्यायालय में दो न्यायपीठों का गठन किया गया। इन न्यायपीठों ने प्री-लिटिगेशन एवं विभिन्न न्यायालयों में लंबित मामलों की सुनवाई कर आपसी समझौते के आधार पर उनका निष्पादन किया।
लोक अदालत में प्री-लिटिगेशन के बैंक से जुड़े 208 मामलों तथा विभिन्न न्यायालयों में लंबित 153 मामलों का सफलतापूर्वक निपटारा किया गया। इनमें 141 कंपाउंडेबल आपराधिक मामले, एमएसीटी के 2 मामले, कुटुंब न्यायालय के 3 मामले, एनआई एक्ट के 4 मामले तथा बिजली से संबंधित 3 मामले शामिल रहे।
इस प्रकार कुल 361 मामलों का निष्पादन करते हुए 12,57,710 रुपये का समायोजन कराया गया।
डीएलएसए सचिव रवि चौधरी ने बताया कि झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार प्रत्येक माह के अंतिम शनिवार को मासिक लोक अदालत आयोजित की जाती है। उन्होंने कहा कि जिन मामलों का समाधान आपसी सहमति से संभव है, उनके पक्षकार लोक अदालत में आवेदन कर इसका लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने बताया कि लोक अदालत के माध्यम से कम समय, कम खर्च और सौहार्दपूर्ण वातावरण में विवादों का समाधान किया जाता है।
डीएलएसए ने लोगों से अधिक से अधिक संख्या में लोक अदालत का लाभ उठाने और आपसी सहमति से लंबित मामलों के त्वरित समाधान की अपील की।




