झारखंड के थानों में मुस्लिम थाना प्रभारियों के प्रतिनिधित्व पर काशिफ रज़ा ने उठाए सवाल

रांची। झारखंड पुलिस में थाना प्रभारी और ओपी प्रभारियों की पोस्टिंग में मुस्लिम समुदाय के प्रतिनिधित्व को लेकर आज़ाद समाज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सह राष्ट्रीय कोर कमिटी सदस्य काशिफ़ रज़ा ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने विभिन्न जिलों से उपलब्ध आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि कई जिलों में मुस्लिम थाना प्रभारियों की संख्या शून्य है, जबकि कुछ जिलों में यह संख्या बेहद कम है।
काशिफ़ रज़ा ने कहा कि चुनाव के दौरान राजनीतिक दल मुस्लिम समाज के समर्थन और वोट की बात करते हैं, लेकिन प्रशासनिक स्तर पर प्रतिनिधित्व की बात आने पर समुदाय को अपेक्षित अवसर नहीं मिलता। उन्होंने दावा किया कि झारखंड में मुस्लिम आबादी करीब 16 प्रतिशत के आसपास है, जबकि 546 थानों में केवल 18 मुस्लिम थाना प्रभारियों का होना चिंता का विषय है।
उन्होंने कहा कि हर विधानसभा क्षेत्र में कम से कम एक मुस्लिम थाना प्रभारी को अवसर मिलना चाहिए, ताकि पुलिस प्रशासन में समाज के सभी वर्गों का समान प्रतिनिधित्व सुनिश्चित हो सके।
आजाद समाज पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष ने सरकार और पुलिस विभाग से थाना प्रभारी एवं ओपी प्रभारी की पोस्टिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता बरतने की मांग की। उन्होंने कहा कि सभी समुदायों के अधिकारियों को उनकी योग्यता, अनुभव और सेवा रिकॉर्ड के आधार पर समान अवसर मिलना चाहिए।
उन्होंने सरकार से इस विषय पर गंभीरता से विचार करते हुए पुलिस प्रशासन में प्रतिनिधित्व से जुड़े आंकड़ों को सार्वजनिक करने और पोस्टिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की।




