घाटशिला कॉलेज में सीट कटौती के खिलाफ आमरण अनशन तीसरे दिन भी जारी, झारखंडी संगठनों ने सौंपा समर्थन पत्र

घाटशिला। घाटशिला महाविद्यालय में सीटों में कटौती के विरोध में छात्रों द्वारा शुरू किया गया आमरण अनशन शुक्रवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। आंदोलन को अब झारखंडी संगठनों का भी व्यापक समर्थन मिलने लगा है।

झारखंड आंदोलनकारी मंच के सलाहकार एवं झारखंडी भाषा भाषी मूलनिवासी संघ के वरिष्ठ सदस्य सुराई बास्के तथा घाटशिला न्यायालय के अधिवक्ता सह संघ के कानूनी सलाहकार मुरारी लाल नमात ने संयुक्त रूप से अनशन पर बैठे छात्र नेता विकास हेम्ब्रम को समर्थन पत्र सौंपा। इस दौरान उन्होंने आंदोलन के प्रति अपनी एकजुटता व्यक्त की।
समर्थन देने पहुंचे प्रतिनिधियों ने कहा कि घाटशिला महाविद्यालय में सीटों की कटौती से क्षेत्र के बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं के उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर प्रभावित होगा। उन्होंने छात्रों के हित में सीट कटौती के निर्णय पर पुनर्विचार करने तथा पूर्व की तरह पर्याप्त सीटें उपलब्ध कराने की मांग की।
इस मौके पर झारखंडी भाषा भाषी मूलनिवासी संघ के केंद्रीय अध्यक्ष संजय बेहरा, केंद्रीय प्रवक्ता रामचन्द्र सोरेन, केंद्रीय महासचिव मुकेश कर्मकार, पूर्वी सिंहभूम जिला अध्यक्ष आनंद हेम्ब्रम, कंचन करवा, सुजाता मंडी, महेश करूवा सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे और आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का ऐलान
आमरण अनशन के तीसरे दिन भी छात्रों का आंदोलन जारी रहा। आंदोलनकारी छात्रों ने स्पष्ट किया कि जब तक सीट कटौती का निर्णय वापस नहीं लिया जाता या उनकी मांगों को लेकर सकारात्मक पहल नहीं की जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। छात्रों ने महाविद्यालय में पर्याप्त सीटें उपलब्ध कराने की मांग दोहराई है।




