पोटका सड़क हादसे में घायल रोहित गोप ने इलाज के दौरान तोड़ा दम, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

राजनगर/पोटका:- पोटका थाना क्षेत्र में सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुए हेंसल गांव निवासी रोहित गोप (पिता- कन्हाई गोप) की इलाज के दौरान 15 जून सोमवार की रात्रि करीब 10 बजे ओडिशा के कटक स्थित अस्पताल में मृत्यु हो गई। उनकी मौत की खबर से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। मंगलवार की शाम जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो परिजनों के साथ-साथ ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 14 मई 2026 को पोटका थाना क्षेत्र में रोहित गोप को एक अज्ञात वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी थी। दुर्घटना में उनके सिर पर गंभीर चोटें आई थीं। स्थानीय लोगों की सहायता से उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोटका पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए टाटा मेन हॉस्पिटल (टीएमएच), जमशेदपुर रेफर कर दिया गया।
टीएमएच में करीब 10 से 12 दिनों तक आईसीयू में इलाज चलने के बाद उन्हें बेहतर उपचार के लिए ओडिशा के कटक ले जाया गया। वहां भी चिकित्सकों ने उन्हें बचाने का भरसक प्रयास किया, लेकिन आखिरकार 15 जून को इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
रोहित गोप परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे। उनके निधन के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पीछे उनकी पत्नी, दो छोटे पुत्र विपुन गोप (10 वर्ष) और जीतू गोप (8 वर्ष) तथा वृद्ध माता-पिता रह गए हैं। बेटे की असमय मौत से बुजुर्ग माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है और उनके आंखों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।
मंगलवार की शाम करीब 7 बजे उनका पार्थिव शरीर हेंसल गांव पहुंचा। अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण उनके घर पहुंचे। इसके बाद सैकड़ों ग्रामीणों की मौजूदगी में उनका अंतिम संस्कार किया गया। पूरे गांव का माहौल गमगीन रहा।
ग्रामीणों और परिजनों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क दुर्घटना में जान गंवाने वाले रोहित गोप के आश्रितों को उचित सरकारी मुआवजा, पारिवारिक सहायता एवं बच्चों की शिक्षा के लिए विशेष सहायता उपलब्ध कराई जाए, ताकि इस विपत्ति की घड़ी में परिवार को कुछ सहारा मिल सके।
रोहित गोप की असमय मृत्यु ने न केवल एक परिवार का सहारा छीन लिया, बल्कि पूरे गांव को शोक में डुबो दिया है




