सीआरपीएफ के 88वें स्थापना दिवस पर जादूगोड़ा ग्रुप सेंटर में शहीदों को श्रद्धांजलि, सांस्कृतिक कार्यक्रमों से गूंजा परिसर

जादूगोड़ा: केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) का 88वां स्थापना दिवस सोमवार को जादूगोड़ा स्थित ग्रुप सेंटर, सासपुर में हर्षोल्लास, उत्साह और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। समारोह के दौरान सीआरपीएफ की गौरवशाली विरासत, वीरता, शौर्य, बलिदान और राष्ट्र सेवा की भावना को विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से याद किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित कर हुई। पुलिस उप महानिरीक्षक एवं ग्रुप सेंटर जमशेदपुर के डीआईजी रमेश कुमार ने शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए राष्ट्र सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को नमन किया। इसके बाद उन्होंने क्वार्टर गार्ड पर सलामी ली।
इस अवसर पर आयोजित विशेष सैनिक सम्मेलन में डीआईजी रमेश कुमार ने अधिकारियों और जवानों को संबोधित करते हुए सीआरपीएफ के गौरवशाली इतिहास और राष्ट्र निर्माण में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने सभी कार्मिकों से कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन, समर्पण और उच्च मनोबल के साथ राष्ट्र सेवा के दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया।
समारोह के दौरान सीआरपीएफ के वीर शहीदों के परिजनों को सम्मानित कर उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई। साथ ही बल के भूतपूर्व कार्मिकों को भी सम्मानित किया गया और उनकी सेवाओं को वर्तमान पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बताया गया।
बच्चों की पेंटिंग प्रतियोगिता बनी आकर्षण का केंद्र
सीआरपीएफ@88 अभियान के तहत बच्चों में राष्ट्र सेवा और सीआरपीएफ की गौरवशाली परंपरा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से पेंटिंग प्रतियोगिता आयोजित की गई। बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपने चित्रों के माध्यम से सीआरपीएफ के शौर्य, साहस और देशभक्ति की भावना को रंगों में उकेरा। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
देशभक्ति से सराबोर रही सांस्कृतिक संध्या
दिनभर चले कार्यक्रमों का समापन भव्य सांस्कृतिक संध्या के साथ हुआ। बच्चों, महिलाओं और सीआरपीएफ कार्मिकों ने देशभक्ति और भारतीय संस्कृति से ओत-प्रोत रंगारंग प्रस्तुतियां दीं। मनमोहक प्रस्तुतियों ने उपस्थित लोगों का मन मोह लिया और पूरे परिसर को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को डीआईजी रमेश कुमार ने सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया।




